तहकीकात TODAY
रिपोर्ट – फरहान खान/ इस्लाम अब्बास
आगरा। रेल यात्रियों की सुरक्षा को और मजबूत करने की दिशा में आगरा मंडल ने महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। मथुरा जंक्शन–आगरा कैंट रेलखंड के 53.790 रूट किलोमीटर में भारतीय रेलवे की अत्याधुनिक स्वदेशी ट्रेन सुरक्षा प्रणाली ‘मानक कवच’ का पहली बार सफलतापूर्वक कमीशनिंग किया गया है। इससे इस महत्वपूर्ण रेलखंड पर ट्रेन परिचालन के दौरान संभावित दुर्घटनाओं और टक्कर के जोखिम को कम करने में मदद मिलेगी। यह महत्वपूर्ण कार्य उत्तर मध्य रेलवे के महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह एवं मंडल रेल प्रबंधक, आगरा गगन गोयल के मार्गदर्शन में पूरा किया गया। आगरा मंडल में मानक कवच की स्थापना आधुनिक रेल अवसंरचना और उन्नत सुरक्षा तकनीक के विस्तार की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। मथुरा–आगरा कैंट खंड में स्थापित मानक कवच प्रणाली ट्रेन परिचालन के दौरान कई संभावित खतरों से सुरक्षा प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इसमें आमने-सामने की टक्कर और पीछे से होने वाली टक्कर से सुरक्षा, रोल-अवे प्रिवेंशन, स्टैंडस्टिल सुरक्षा जैसी सुविधाएं शामिल हैं। आपात स्थिति में मैनुअल एसओएस जनरेशन की सुविधा भी इस प्रणाली में उपलब्ध है।

परियोजना के तहत मथुरा–आगरा कैंट रेलखंड में कुल 766 RFID टैग लगाए गए हैं। प्रणाली के सुरक्षित एवं प्रभावी संचालन को सुनिश्चित करने के लिए कमीशनिंग से पहले लोको पायलटों और अन्य रनिंग स्टाफ के साथ-साथ सिग्नल एवं दूरसंचार विभाग के कर्मचारियों को व्यापक प्रशिक्षण भी दिया गया। मानक कवच के सफल कमीशनिंग के बाद उत्तर मध्य रेलवे में कमीशन किए गए मानक कवच नेटवर्क की कुल लंबाई बढ़कर 122.20 रूट किलोमीटर हो गई है। ‘मानक कवच’ भारतीय रेलवे द्वारा विकसित एक उन्नत स्वदेशी स्वचालित ट्रेन सुरक्षा प्रणाली है। इसका उद्देश्य ट्रेन परिचालन के दौरान मानवीय भूल अथवा अन्य संभावित जोखिमों के कारण होने वाली दुर्घटनाओं की संभावना को कम करना और रेल परिचालन को अधिक सुरक्षित एवं विश्वसनीय बनाना है। आगरा मंडल द्वारा आधुनिक तकनीक और उन्नत संरक्षा प्रणालियों को लगातार अपनाया जा रहा है, ताकि यात्रियों को सुरक्षित, संरक्षित और बेहतर यात्रा अनुभव उपलब्ध कराया जा सके। मथुरा–आगरा कैंट खंड में ‘मानक कवच’ का सफल कमीशनिंग इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।





