तहकीकात TODAY
रिपोर्ट – मोनिश उद्दीन
मेरठ। उत्तर प्रदेश के बहुचर्चित नीले ड्रम हत्याकांड में अदालत का फैसला अब 30 सितंबर 2026 को आएगा। पति सौरभ रस्तोगी की हत्या के मामले में आरोपी पत्नी मुस्कान और साहिल पर अदालत के फैसले को लेकर सभी की निगाहें टिकी हैं। मामले की सुनवाई पूरी हो चुकी है और अब अदालत द्वारा फैसला सुनाया जाना है। अभियोजन पक्ष के मुताबिक, सौरभ रस्तोगी की हत्या के बाद उनके शव को एक नीले ड्रम में छिपाया गया था। घटना का खुलासा होने के बाद यह मामला मेरठ ही नहीं, बल्कि पूरे देश में चर्चित हो गया था। हत्या के मामले में पुलिस जांच के दौरान मुस्कान और साहिल की कथित भूमिका सामने आने का दावा किया गया था। हत्या के बाद ड्रम में छिपाया गया था शव पुलिस के अनुसार, सौरभ रस्तोगी की हत्या के बाद शव को ठिकाने लगाने के लिए उसे ड्रम में छिपाने की बात सामने आई थी। मामले की जांच के दौरान पुलिस ने घटनास्थल और अन्य पहलुओं से जुड़े साक्ष्य जुटाए। जांच पूरी होने के बाद आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करते हुए मामला अदालत में पेश किया गया। लंबी न्यायिक प्रक्रिया के बाद अब फैसले की बारी मामले में अदालत के समक्ष अभियोजन पक्ष की ओर से साक्ष्य और दलीलें रखी गईं। न्यायिक प्रक्रिया के दौरान मामले से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर सुनवाई हुई। अब सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने 30 सितंबर को फैसला सुनाने की तारीख तय की है। मुस्कान और साहिल पर टिकी नजरें बहुचर्चित हत्याकांड में कल अदालत का फैसला आने वाला है। ऐसे में आरोपी मुस्कान और साहिल के साथ ही पीड़ित परिवार और मामले से जुड़े लोगों की निगाहें अदालत के फैसले पर टिकी हैं। अदालत उपलब्ध साक्ष्यों और दोनों पक्षों की दलीलों के आधार पर अपना निर्णय सुनाएगी। देशभर में सुर्खियों में रहा था मामला नीले ड्रम में शव मिलने से जुड़ा यह हत्याकांड सामने आने के बाद लंबे समय तक सुर्खियों में रहा था। मामले की जांच, आरोपियों की भूमिका और सामने आए घटनाक्रम को लेकर देशभर में चर्चा हुई थी। अब न्यायिक प्रक्रिया अपने अंतिम चरण में पहुंच चुकी है। 30 सितंबर 2026 को अदालत का फैसला आने के साथ ही यह स्पष्ट होगा कि मामले में अदालत आरोपों और पेश किए गए साक्ष्यों पर क्या निष्कर्ष देती है। फैसले को लेकर मेरठ समेत पूरे प्रदेश में लोगों की नजरें अदालत की कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।





