तहकीकात TODAY
रिपोर्ट – फरहान खान/ जाहिद सलमानी
आगरा। जिलाधिकारी मनीष बंसल की अध्यक्षता में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में एत्मादपुर मदरा एवं रायपुर रहनकला के किसानों की समस्याओं को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में भूमि अधिग्रहण, खसरा-खतौनी, मुआवजा और उर्वरक-खाद उपलब्धता सहित विभिन्न मुद्दों पर किसानों की समस्याएं सुनी गईं। बैठक के दौरान किसानों ने एत्मादपुर मदरा क्षेत्र में आगरा विकास प्राधिकरण (एडीए) द्वारा खसरा-खतौनी से नाम हटाए जाने का मामला उठाया। इस पर जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि मामला उच्च न्यायालय में विचाराधीन है, इसलिए कोर्ट के अंतिम निर्णय तक किसानों के नाम खसरा-खतौनी से नहीं हटाए जाएंगे।

किसानों ने सहकारी समितियों से खाद और उर्वरक मिलने में आ रही परेशानियों की भी जानकारी दी। इस पर जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी पात्र किसानों को सहकारी समितियों के माध्यम से बिना किसी बाधा के उर्वरक और खाद उपलब्ध कराई जाए तथा आपूर्ति में किसी प्रकार की कमी न आने दी जाए।रायपुर रहनकला के किसानों ने कुछ मामलों में मुआवजा राशि के लंबित भुगतान और सड़क किनारे की भूमि के मूल्यांकन को लेकर आपत्तियां दर्ज कराईं। अधिकारियों ने बताया कि लगभग 85 से 90 प्रतिशत किसानों को सहमति के आधार पर मुआवजा राशि का भुगतान किया जा चुका है। जिन मामलों में भुगतान शेष है, उनमें भूमि अधिग्रहण की अधिसूचना के बाद नियमों के विरुद्ध भूमि विक्रय किए जाने जैसे कारण सामने आए हैं।

जिलाधिकारी ने कहा कि भूमि अधिग्रहण की अधिसूचना जारी होने के बाद भूमि का विक्रय करना कानूनी रूप से गलत है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण कर नियमानुसार भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में जिलाधिकारी ने किसानों को आश्वस्त किया कि एडीए और संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर भूमि अधिग्रहण से जुड़ी सभी जायज और नियमसम्मत समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। बैठक में सिटी मजिस्ट्रेट अमित शुक्ला, किसान प्रतिनिधि एवं संबंधित क्षेत्रों के किसान उपस्थित रहे।





