तहकीकात TODAY
रिपोर्ट – फरहान खान
आगरा। कोतवाली थाना क्षेत्र के गुड़ की मंडी में फर्जी दस्तावेज और एनओसी के सहारे नक्शा पास कराकर बनाई गई इमारत पर अब ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की तैयारी है। आगरा विकास प्राधिकरण (एडीए) ने मामले में अनियमितताओं को गंभीरता से लेते हुए जल्द ध्वस्तीकरण आदेश पारित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। आदेश जारी होने के बाद विवादित निर्माण पर बुलडोजर चलाया जाएगा। बताया जा रहा है कि गुड़ की मंडी क्षेत्र में आवासीय उपयोग के लिए स्वीकृत नक्शे के आधार पर व्यावसायिक इमारत का निर्माण कराया गया। जांच के दौरान निर्माण से जुड़े दस्तावेजों और एनओसी को लेकर भी सवाल सामने आए हैं। आरोप है कि फर्जी दस्तावेज और एनओसी के सहारे मानचित्र स्वीकृत कराया गया और इसके बाद मौके पर निर्माण खड़ा कर दिया गया। मामले में निर्माण को लेकर राजकीय आस्थान की जमीन से जुड़ा आरोप भी सामने आया है। एडीए की जांच में दस्तावेजों और मौके की स्थिति में अंतर पाए जाने के बाद प्रकरण कार्रवाई के स्तर तक पहुंचा है। इस मामले में मालती शर्मा, श्री शर्मा, विष्णु कुमार समेत अन्य आवेदकों के नाम सामने आए हैं। वहीं नक्शा तैयार करने वाले आर्किटेक्ट गोविंद सिंह ने दस्तावेजों में किसी तरह की छेड़छाड़ किए जाने से इनकार किया है। उनका कहना है कि उनकी ओर से दस्तावेजों के साथ कोई हेरफेर नहीं किया गया। अब एडीए की ओर से ध्वस्तीकरण आदेश पारित किए जाने का इंतजार है। आदेश जारी होते ही अवैध निर्माण को हटाने की कार्रवाई की जा सकती है। मामले में यह भी सवाल उठ रहे हैं कि यदि नक्शा आवासीय था तो मौके पर व्यावसायिक निर्माण कैसे खड़ा हो गया और संबंधित दस्तावेजों के आधार पर मानचित्र स्वीकृत होने की प्रक्रिया में किस स्तर पर लापरवाही हुई। फर्जी एनओसी से नक्शा पास कराने से लेकर व्यावसायिक निर्माण खड़ा करने तक के इस पूरे मामले में अब एडीए की कार्रवाई पर सभी की नजर है।





